Vaidik Gyan...
Total:$776.99
Checkout

आज के युवा भी सत्य असत्य को समझने लगे ||

Share post:

आज के युवा भी सत्य असत्य को समझने लगे ||

इन पाखंडी गुरुओं को बहिष्कार करें हिन्दू कहलाने वालों यह लोग सत्य सनातन वैदिक धर्म को तबाह करने में लगे हैं | महेन्द्रपाल आर्य की विनती है आप लोगों से जरुर इसे पढ़ें और देखें, मुझे एक भक्त ने भेजा है | Aparichit क्रांतिकारी • 14 hours ago https://youtu.be/7ztTR_A2h3A Devkinandan ji maharaj कथाकार। इनका वीडियो भी हिंदुओ को देखना चाहिये। और उचित जवाब विद्वानों को देना चाहिये। शास्त्रार्थ की विधा अब पुनः समय की मांग है ताकि वैदिक धर्म का प्रचार हो सकें। पंडित जी आपके विचारों को सुनकर ही मुझे बहुत कुछ जानने को मिला। आपका आभार। 🙏 पंडित महेन्द्रपाल आर्य जी आपने ठीक किया। हमें शास्त्रार्थ की प्रथा चाहिये ताकि युवाओं की भ्रांतियां ठीक हो सकें। पंडित जी की बात कड़वी जरूर है लेकिन सत्य है। कोई भी हिंदुओं की संस्था नहीं जो देशभक्त क्रांतिकारी युवा तैयार कर सकें। लेकिन पंडित जी जैसे विद्वान यह कार्य ठीक रूप से कर रहे है। रही गुस्से की बात तो पंडित जी अपना आँकलन स्वयं करने में सक्षम है। 🙏🙏🙏 पंडित जी हम जानते है कि आप झूठ नहीं सुन सकते इसलिये आप अपनी बात रखते समय थोड़ा गुस्सा हो जाते है। कल कोई नई बात नहीं थी । क्योंकि झूठ वो भी सनातन वैदिक धर्म के लिये सहनीय कैसे होगा। कल शास्त्रार्थ में आपने पूर्णतः तर्क पर आधारित विचार रखें। वरना हिंदुओं के कई संस्थाओं ने हिंदुओं को महापुरुषों को बदनाम किया है। कई कथाकार भी यही कर रहे है। यहाँ तक कि कथाकार देवकीनंदन जी भी अब बोल दिए कि गायत्री मंत्र महिलाओं को नहीं करना चाहिये। इस पाखंडी गुरु को पता ही नहीं की गायत्री मनर का नाम नाहीं है एक छंद का नाम गायत्री है | जिस मन्त्र में 24 अक्षर है वह मंत गायत्री छंद कहलाती है | इन्हें इसकी भी जानकारी नहीं है की वेद के अनेक मन्त्र है जो गायत्री छंद के हैं | हमारा दुर्भाग्य है की हिन्दू समाज को इन्ही गुरु द्वारा ही तबाह किया जा रहा है हम इन्ही गुरु के महिमा गाने में लगे हैं जो समाज में पाखंड फ्फैला रहे हैं | हमें खुद को जानना पड़ेगा सत्य आखिर क्या है ? महेन्द्रपाल आर्य -15/2/21

Top